Showing posts with label deendayal Murarka. Show all posts
Showing posts with label deendayal Murarka. Show all posts

Saturday, 19 April 2025

समाजसेवी श्रीमान दीनदयाल मुरारका दादा साहेब फाल्के फिल्म फाउंडेशन अवार्ड के लिए नॉमिनेटेड


 फिल्म जगत के पितामह दादासाहेब फाल्के जयंती के अवसर पर दादासाहेब फाल्के फिल्म फाउंडेशन द्वारा फिल्म इंडस्ट्री के बेहतरीन कलाकार और टेक्नीशियन को प्रत्येक वर्ष दादासाहेब फाल्के फिल्म फाउंडेशन अवार्ड प्रदान किया जाता है। हर साल की तरह इस साल भी फाउंडेशन द्वारा दादासाहेब फाल्के की १५६ वी जयंती ३ मई २०२५ को मनायी जा रही है। 

इस अवार्ड का मुख्य उद्देश्य टेक्नीशियन, एक्टर, जुनियर आर्टिस्ट, फाइटर्स, राइटर्स, आदि को अवार्ड देकर सराहना करना है। इस कार्यक्रम में हर साल फिल्म जगत के दिग्गज कलाकार अपनी उपस्थिति दर्ज कराते हैं। फिल्म जगत से जुड़ी हुई 32 असोसिएशन अपने द्वारा अपने बेस्ट सभासद को इस अवार्ड के लिए फाऊंडेशन को नॉमिनेट करवाते है।

३ मई २०२५ को होने वाले इस अवार्ड फंक्शन में स्क्रीन राइटर्स गिल्ड ने इस बार डाॅ दिनदयाल मुरारका को नोमिनेट किया है। श्री मुरारका, सामाजिक संस्थान दीनदयाल मुरारका फाउंडेशन के संस्थापक अध्यक्ष भी है। दीनदयाल मुरारका.राजस्थानी फिल्म एसोसिएशन, मुंबई. के उपाध्यक्ष भी हैं।  

श्री मुरारका मुंबई महानगर के विभिन्न साहित्यिक एवं सामाजिक कार्यों में हमेशा सक्रिय रहते हैं। देश के विभिन्न न्यूज़पेपर्स श्री दीनदयाल मुरारका के बारे में नियमित लेख प्रकाशित करते हैं। नवभारत टाइम्स मुंबई के एकदा कॉलम में उनके स्तंभ प्रकाशित होते हैं। 

'दादा साहेब फाल्के फाऊंडेशन अवार्ड समिति' के अध्यक्ष श्री अशफाक खोपेकर हैं। वरिष्ठ उपाध्यक्ष बाबू भाई थीबा तथा उपाध्यक्ष अशोक शेखर है।

- बबलू सिंह रघुवंशी 

Monday, 25 October 2021

'समानांतर रंग समूह' से जुड़ना - रंग कर्मियों का एक सपना है.


प्रसिद्ध रंगकर्मी अनिल रंजन भौमिक के नेतृत्व में चित्रनगरी संवाद मंच द्वारा एक गोष्ठी आयोजित की गई। इस गोष्ठी में इलाहाबाद के सुप्रसिद्ध रंगकर्मी अनिल रंजन भौमिक ने अपनी  रंगमंच यात्रा के बारे में विस्तार से बताया। भौमिक जी ने जीवन में लिखने की आवश्यकता पर बल देते हुए इलाहाबाद के  प्रसिद्ध कवि श्लेष_गौतम की कुछ पंक्तियां सुनाई-

लिखा किया रह जाएगा, रहता नहीं शरीर।
इसीलिए तो रह गए,  तुलसी, सूर, कबीर

संवाद की इस श्रृंखला में  उन्होंने बताया कि समानान्तर रंग समूह का गठन उन्होंने कुछ रंगकर्मियों के साथ मिलकर 1977 में किया था। तब से अभी तक 44 साल हो गए उनकी रंग यात्रा निरंतर जारी है। वे अब तक 60  अधिक नाटकों में अभिनय एवं उसका मंचन करा चुके हैं। उन्होंने बताया कि इलाहाबाद के दर्शक बहुत जागरूक हैं। इसलिए वहां संजीदा नाटक बहुत पसंद किए जाते हैं। लखनऊ और कानपुर के दर्शक कॉमेडी नाटक ज़्यादा पसंद करते हैं।

 इस चर्चा में कथाकार भारतेंदु विमल, कथाकार देवमणि पांडे, लेखक दीनदयाल मुरारका, कवि व्यंग्यकार संजीव निगम, डॉ रविंद्र कात्यायन, कवि प्रदीप गुप्ता, कवि राजेश ऋतुपर्ण, कवि आकाश सिंह और अभिनेता रवींद्र यादव ने सक्रिय भागीदारी की।

इस गोष्टी में समानान्तरनामा के नए अंक का लोकार्पण भी किया गया। व्यंग्यकार संजीव निगम ने अपनी नाट्य कृति' कहो _तथागत 'की एक प्रति भौमिक जी को भेंट की। गोष्टी का संचालन कवि देवमणि पांडे जी ने किया।

दीनदयाल मुरारका . 


Tuesday, 15 December 2020

गुजरात, छत्तीसगढ़ एवं मेघालय के गवर्नर्स को सम्मानित करेगी जेजेटी यूनिवर्सिटी

 

श्री जेजेटी यूनिवर्सिटी द्वारा इस बार देश के तीन राज्यों के गवर्नर्स को मानद डी.लिट. की डिग्री से सम्मानित करेगी। श्री राजस्थानी सेवा संघ, अंधेरी. द्वारा संचालित श्री जेजेटी यूनिवर्सिटी आगामी 20 तारीख को दीक्षांत समारोह का आयोजन करने जा रही है। इस समारोह में विश्वविद्यालय के विभिन्न सफल छात्रों को पदवी प्रदान की जाएगी, इसके अलावा गुजरात के गवर्नर श्री आचार्य देवव्रत, छत्तीसगढ़ के गवर्नर सुश्री अनुसया ऊके, एवं मेघालय के गवर्नर श्री सतपाल मल्लिक को भी मानद डी.लिट. की डिग्री प्रदान की जाएगी।

संस्था के  चेयरमैन डॉ. विनोद जी टिबरेवाला ने इस हेतु आयोजित मीटिंग में बताया कि इस साल प्रथम बार ही, विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में देश के तीन राज्यों के महामहिम राज्यपाल पधार रहे हैं। साधारणतया, विश्वविद्यालय देश के विभिन्न राज्यों के गवर्नर को हर साल दीक्षांत समारोह में मानद डी.लिट. डिग्री से सम्मानित करता है।

इस मीटिंग में डॉ.एम जी श्रीहट्टी, डॉ.वी एस वलेचा, दीनदयाल मुरारका, डॉ.अंजू सिंह, डॉ.स्वाति देसाई, रामअवतार अग्रवाल, डॉ. नायकवाड़ी डॉ.लक्ष्मीकांत दानी एवं अन्य ट्रस्टीगण उपस्थित थे।